हिरण्यगर्भ ब्रह्माणी मार्गयोग अश्वमेध, आंतरिक अश्वमेध, वज्रदण्ड, निरालम्बस्थान, निरालम्ब चक्र, ब्रह्म चक्र, निराधार चक्र, निराधारस्थान, अष्टम चक्र, वज्रदण्ड चक्र, त्रिशंकु, अष्टवसु सिद्धि, द्वादश आदित्य सिद्धि, एकादश रुद्र सिद्धि, इंद्र सिद्धि, प्रजापति सिद्धि
पञ्चब्रह्म गायत्री मार्गतत्पुरुष ब्रह्म, रुद्र देव, रुद्र, स्वयंभू, अस्मिता, अज, गुरुपिता आला, बुद्ध आला, आला नाद, अल्लाह, माँ गायत्री का रक्ता मुख, माँ गायत्री का विद्रुमा मुख, लाल तारा, रक्त चामुण्डा, भगवा रुद्र शरीर, भगवा सिद्ध शरीर, अयमात्मा ब्रह्म